एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी (इंडिया) लिमिटेड का आईपीओ बुधवार, 09 सितंबर 2026 को खुलेगा, प्राइस बैंड ₹132 से ₹139 तय
कंपनी ने ऑफर के लिए प्राइस बैंड ₹132 से ₹139 प्रति इक्विटी शेयर तय किया है। हर शेयर की फेस वैल्यू ₹10 है।

POSTED BY : MRUNALI SAKPAL DATED ON : 03/09/2026 (8850212023)
मुंबई (NHI) : देश की पहली और अग्रणी एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनियों में से एक, एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी (इंडिया) लिमिटेड (आर्सिल) अपना इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) लाने जा रही है। कंपनी का आईपीओ बुधवार, 09 सितंबर 2026 को खुलेगा और शुक्रवार, 11 सितंबर 2026 को बंद होगा। एंकर निवेशकों के लिए बोली की तारीख मंगलवार, 08 सितंबर 2026 है।
निवेशक कम से कम 107 इक्विटी शेयरों के लिए और उसके बाद 107 के गुणकों में बोली लगा सकते हैं। यह आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) है, यानी इसमें फ्रेश इश्यू नहीं है। इस ऑफर के तहत कुल 5,27,31,946 इक्विटी शेयर बेचे जाएंगे।
शेयर बेचने वाले प्रमुख शेयरधारक इस प्रकार हैं:
– एवेन्यू इंडिया रिसर्जेंस प्राइवेट लिमिटेड (प्रमोटर): 2,48,23,910 शेयर तक
– भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई – प्रमोटर): 1,09,63,062 शेयर तक
– लेथ इन्वेस्टमेंट प्राइवेट लिमिटेड (निवेशक): 1,62,44,858 शेयर तक
– द फेडरल बैंक लिमिटेड:7,00,116 शेयर तक
– कंपनी का रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (आरएचपी) http://www.arcil.co.in पर उपलब्ध है।
कंपनी के इक्विटी शेयर बीएसई और एनएसई दोनों पर लिस्ट होंगे। इस ऑफर के लिए एनएसई डिजिग्नेटेड स्टॉक एक्सचेंज होगा।
कंपनी के बारे में :
आर्सिल की स्थापना 2002 में हुई थी और यह भारत की पहली एआरसी है। कंपनी का मुख्य काम बैंकों और वित्तीय संस्थानों के फंसे हुए कर्ज (एनपीए) को खरीदना, उनका प्रबंधन और वसूली करना है। 20 साल से ज्यादा के अनुभव के साथ कंपनी ने देश के कई बड़े एनपीए मामलों के समाधान में अहम भूमिका निभाई है।
आईपीओ का स्ट्रक्चर
यह ऑफर सेबी आईसीडीआर रेगुलेशन 6(1) के तहत बुक बिल्डिंग प्रोसेस के जरिए लाया जा रहा है।
1. क्यूआईबी (क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स): ऑफर का 50% से ज्यादा हिस्सा क्यूआईबी के लिए नहीं होगा। इसमें से 60% तक हिस्सा एंकर निवेशकों को दिया जा सकता है। एंकर पोर्शन में से 33.33% घरेलू म्यूचुअल फंड्स के लिए और 6.67% तक जीवन बीमा कंपनियों और पेंशन फंड्स के लिए आरक्षित रहेगा।
2. एनआईआई (नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स) : ऑफर का कम से कम 15% हिस्सा एनआईआई के लिए आरक्षित है। इसमें एक-तिहाई हिस्सा ₹0.20 मिलियन से ₹1.00 मिलियन तक आवेदन करने वालों के लिए और दो-तिहाई हिस्सा ₹1.00 मिलियन से अधिक आवेदन करने वालों के लिए होगा।
3. रिटेल (आरआईबी): कम से कम 35% हिस्सा रिटेल निवेशकों के लिए आरक्षित है।
एंकर निवेशकों को छोड़कर सभी निवेशकों को एप्लीकेशन सपोर्टेड बाय ब्लॉक्ड अमाउंट (एएसबीए) प्रक्रिया के जरिए ही आवेदन करना होगा। यूपीआई बिडर्स को अपना यूपीआई आईडी देना अनिवार्य होगा।
इस इश्यू के बुक रनिंग लीड मैनेजर आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज लिमिटेड, आईडीबीआई कैपिटल मार्केट्स एंड सिक्योरिटीज लिमिटेड और जेएम फाइनेंशियल लिमिटेड* हैं।
निवेशकों के लिए जरूरी सूचना
इक्विटी शेयरों में निवेश जोखिम के अधीन है। निवेशकों को निवेश से पहले आरएचपी के पेज नंबर 24 पर दिए गए ‘रिस्क फैक्टर्स’ को ध्यान से पढ़ना चाहिए। सेबी केवल ऑफर डॉक्यूमेंट पर अपना ऑब्जर्वेशन देता है, यह ऑफर को मंजूरी नहीं है।


